ग़ज़ल

कुछ ऐसे भी सवालात हुआ करते हैं

जिनके कोई भी जवाब नहीं होते

कम्बख़्त दुनिया अगर सीधी हुआ करती

तो हम भी यकीनन ख़राब नहीं होते

जो ख़्वाब हमारी नींदें न उड़ा दें

वो ख़्वाब भी दोस्तों ख़्वाब नहीं होते

अगर आप हमारी जान न ले लेते तो

फिर हम भी कत्ल जनाब नहीं होते

ये दुनिया अगर तस्कीन से चलती तो

फिर इतने क़ौमी फ़साद नहीं होते

जो पर उँची उड़ानों के मुतासिर हैं

उन परों के कोई हिसाब नहीं होते

हम भी कैसे भला ज़िन्दा रह पाते

अगर ज़िन्दगी में मेरे आप नहीं होते

College vs School

school fosters discipline,

half of college life is spent in canteen.

school has its share of nerds,

college makes one fashion forward.

at school we compete to win,

college has it’s beauty queen.

at school we learn poise,

college is full of noise.

school has it’s share of sissies,

college has blacklists and proxies.

school has periods,

college love birds.

at school we have friends,

college teaches us to be independent.

school is bound by rules,

college is just cool .😎

at school what we learn

in college is undone!